पिता चलाते हैं किराना स्टोर… बेटे ने पहले ही प्रयास में किया BPSC टॉप, जानिए पटना के ओमप्रकाश ने कैसे हासिल की ये कामयाबी

Bihar News: टॉपर ओमप्रकाश गुप्ता ने कहा कि बीपीएससी के रिजल्ट्स ने मुझे चौंका दिया। मैंने तैयारी के लिए अपनी टीचर की नौकरी छोड़ दी, साल 2017 से ही इस परीक्षा के लिए कड़ी मेहनत में जुट गया। उन्होंने ये भी कहा कि मैं एक सरकारी कर्मचारी के रूप में कड़ी मेहनत और लगन के साथ काम करना चाहता हूं।

बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की 64वीं परीक्षा के रविवार को घोषित रिजल्ट में पटना के ओम प्रकाश गुप्ता ने टॉप किया है। अपने पहले ही प्रयास में उन्होंने इतनी बड़ी कामयाबी हासिल की, जिसके बाद परिवार में खुशी का माहौल है। ओम प्रकाश के पिता एक किराना की दुकान चलाते हैं। बेहद सामान्य परिवार से आने वाले ओमप्रकाश से जब रिजल्ट को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि प्रशासनिक परीक्षा में टॉप रैंक हासिल करने की कभी उम्मीद नहीं की थी।

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ओमप्रकाश गुप्ता ने कहा, बीपीएससी के रिजल्ट्स ने मुझे चौंका दिया। मैंने तैयारी के लिए अपनी टीचर की नौकरी छोड़ दी, साल 2017 से ही इस परीक्षा के लिए कड़ी मेहनत में जुट गया।’ उन्होंने आगे कहा कि मैं एक सरकारी कर्मचारी के रूप में कड़ी मेहनत और लगन के साथ काम करना चाहता हूं। मेरा यही उद्देश्य है कि लोगों को बेहतर सेवा दे सकूं। वहीं बेटे की सफलता से ओमप्रकाश के परिजन बेहद खुश हैं। उनके गांव के लोग भी अपने लाल की इस कामयाबी पर इतरा रहे हैं।

ओमप्रकाश ने बताया कि उन्होंने प्रारंभिक शिक्षा सरकारी स्कूल से प्राप्त की। साल 2006 में फतुहा हाई स्कूल से मैट्रिक किया, फिर 2008 में एसकेएमवी कॉलेज से 12वीं की परीक्षा पास की। इसके बाद उनका सेलेक्शन आईआईटी रूड़की में हुआ, जहां से बी-टेक करने के बाद उन्हें कई कंपनियों के ऑफर आए। हालांकि, ओमप्रकाश ने टीचिंग सेक्टर को चुना। इसके बाद उन्होंने बीपीएससी की तैयारी शुरू की। अब पहले ही प्रयास में उन्होंने इस परीक्षा में पहली रैंक हासिल करके सभी को चौंका दिया।

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बीपीएससी के रिजल्ट में इस बार सुपौल के विद्यासागर ने दूसरा जबकि मधुबनी के अनुराग आनंद ने तीसरा स्थान हासिल किया। इस बार 1,454 कैंडिडेट ने कामयाबी हासिल की है। इनमें से 28 बिहार प्रशासनिक सेवा, 40 पुलिस सेवा, 10 वित्त सेवा में शामिल होंगे। दो जेल अधीक्षक होंगे। बीपीएससी के संयुक्त सचिव और परीक्षा नियंत्रक अमरेंद्र कुमार ने बताया कि इंटरव्यू के लिए 3,799 कैंडिडेट शामिल हुए, उनमें से 1454 ने फाइनल लिस्ट में जगह बनाई।