सरसों तेल के भाव में भारी गिरावट! जल्दी करें खरीदारी, जानिए क्या है ताजा भाव?

महंगाई की मार से पूरा देश परेशान है | जी हाँ दोस्तों आपको बता दे कि महामारी की वजह से लोगों के जीवन में एक बड़ी भूचाल आ गयी थी जो जख्म अभी तक नहीं भर पाई है | मीडिया के अनुसार आपको बता दे कि विदेशी की बाजारों में तेजी के रुख के बीच दिल्ली बाजार में लगभग सभी तेल तिलहनों के भाव में तेजी दिखी। दूसरी ओर सरसों की नई फसल की मंडियों में आवक बढ़ने से मंगलवार को सरसों तेल-तिलहन के भाव भारी गिरावट के साथ बंद हुए। वहीं, इंदौर के संयोगिता गंज अनाज मंडी में मंगलवार को मसूर के भाव में 50 रुपये प्रति क्विंटल की कमी हुई।

यह भी पढ़ें  धड़ल्ले से बिक रहा है मात्र 429 रुपये का ये टेबल AC, गर्मी से देता है छुटकारा, 5 मिनट में कमरा हो जाएगा कूल-कूल

5 फरवरी को 160 रुपये प्रति लीटर दर्ज किया गया था। सरसों का तेल अब उच्चतम स्तर से करीब 30-40 रुपये कम मे बिक रहा है। इस तरह सरसों के दाम 4 फरवरी के भाव पर पहुंच गए हैं। शेयर बाजार के जानकारों का कहना है कि सर्दी में सरसों के तेल की खपत अधिक होती है। इसलिए सरसों के तेल के दाम नीचे आने का नाम नहीं ले रहे हैं। जैसे-जैसे सर्दी घटेगी तो सरसों के तेल के रेट भी तेजी से गिरेंगे। तेल तिलहन बाजार में आगामी दिनों में तेल के भाव में अप्रत्याशित गिरावट की संभावना है।

जानिये क्या है गिरावटो की वजह

यह भी पढ़ें  अब बाइक में पेट्रोल इंजन की जगह बैट्री लगवा रहे हैं लोग! जानें- कितना आता है खर्चा?

बाजार सूत्रों ने कहा कि इंटरनेशनल मार्केट में तेजी के बावजूद मंडियों में सरसों के नये फसल की आवक बढ़ने से सरसों तेल तिलहन के भाव में गिरावट देखी गई। सोयाबीन जैसे तेलों से सरसों का दाम कम हो गया है, जिससे आगे जाकर सरसों तेल में और गिरावट आने की संभावना है।सूत्रों ने कहा कि सरकार को आयात पर निर्भरता कम करने के लिए तिलहन उत्पादन को बढ़ाने पर ध्यान केन्द्रित करना होगा। आयातित तेलों के दाम महंगे हुए हैं। आयातित तेलों के भाव ऊंचा रहने से सरसों की पेराई अधिक होगी।

थौक में भाव कुछ इस प्रकार के है |

  • सरसों तिलहन – 7,725-7,750 (42 प्रतिशत कंडीशन का भाव) रुपये।
  • मूंगफली – 6,275 – 6,370 रुपये।
  • मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात) – 14,000 रुपये।
  • मूंगफली साल्वेंट रिफाइंड तेल 2,285 – 2,470 रुपये प्रति टिन।
  • सरसों तेल दादरी- 15,100 रुपये प्रति क्विंटल।
  • सरसों पक्की घानी- 2,225-2,270 रुपये प्रति टिन।
  • सरसों कच्ची घानी- 2,425-2,520 रुपये प्रति टिन।
  • तिल तेल मिल डिलिवरी – 16,700-18,200 रुपये।
  • सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली- 15,200 रुपये।
  • सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर- 15,000 रुपये।
  • सोयाबीन तेल डीगम, कांडला- 13,800।
  • सीपीओ एक्स-कांडला- 12,700 रुपये।
  • बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)- 13,650 रुपये।
  • पामोलिन आरबीडी, दिल्ली- 14,400 रुपये।
  • पामोलिन एक्स- कांडला- 13,200 रुपये (बिना जीएसटी के)।
  • सोयाबीन दाना 7,100-7,150 रुपये।
  • सोयाबीन लूज 6850-7015 रुपये।
  • मक्का खल (सरिस्का) 4,000 रुपये।
यह भी पढ़ें  सरसों का तेल 67 रुपये तक हुआ महंगा, जानिए अब किस दाम पर मिलेगा सरसों का तेल